Bootstrap Example

पापी पेट के लिए रस्सी पर करतब दिखता बचपन कमाता है दो जून की रोटी

@Deepika gaur

सरकार चाहे  गरीव और जरूरतमंद के लिये विकासपरक और कल्याणकारी  नीति के दावे करती हो  और सरकार बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के अपनी नारे से अपनी राजनीति के टिक्कड़ सेकने का काम बखूबी कर रही हैं ,पर  पापी पेट के खातिर सड़कों के इर्दगिर्द सरेआम तमाशा पेश करती यह तस्वीरे सरकार द्वारा गरीबों के  उत्थान की हकीकत का आईना दिखाती हैं । भूख पर  जीत हासिल करती 6 साल की मासूम रानी अपनी कला का प्रदर्शन कर दो जून की रोटी का इंतजाम करती नजर आ रही हैं । जब पन्द्रह फुट लम्बे व दस फुट ऊंचे रस्से पर चढ़कर यह लोगों को अपने शरीर का संतुलन दिखाती है तो लोगों बरबस ही अपने दातों तले अंगुली दबाने का मजबूर हो जाते है। बिना पिता के जीवन यापन करने वली  रानी की ने गानों को लगाया, उधर मासूम बच्ची ने रस्सी पर एक बांस के सहारे अपनी जान की परवाह किए बगैर करतब दिखाने शुरू किए  बच्ची नंगे पैर ही रस्सी पर चलती कभी इसके सर पर थाली होती हैं तो कभी मटकी पर रस्सी पर चलती रानी के पैरों की पकड़ इतनी मजबूत है कि मजाल हैं जो रानी के सर से थाली या मटकी गिर जाए।बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के नारे  की बात की जाए तो रानी जैसी ना जाने कितनी ही ऐसी रानी हैं जिन्होंने स्कूल का मुँह तक नही देखा ।सरकारी योजनाएं कहां तक सार्थक साबित होती हैं यह तो जगजाहिर है।


Related News



Insert title here